Magel Tyala Solar Pump Yojana 2025 के तहत महाराष्ट्र के किसान अब सौर ऊर्जा से सिंचाई कर सकते हैं और बिजली-डीजल की चिंता से मुक्त हो सकते हैं। जानें ऑनलाइन आवेदन, पात्रता, सब्सिडी, लाभ और आवेदन की स्थिति चेक करने की आसान प्रक्रिया—किसानों को मिलेगी सस्ती, टिकाऊ और हरित ऊर्जा की गारंटी!
मागेल त्याला सौर पंप योजना 2025 क्या है?
मागेल त्याला सौर पंप योजना महाराष्ट्र सरकार द्वारा शुरू की गई एक प्रमुख योजना है जिसका उद्देश्य राज्य के किसानों को सस्ते और टिकाऊ सौर ऊर्जा द्वारा संचालित कृषि पंप उपलब्ध करना है। इस योजना के तहत किसान अपनी सिंचाई आवश्यकताओं के लिए डीजल या बिजली के पारंपरिक पंपों पर निर्भर नहीं रहेंगे, जिससे उनका व्यय भी कम होगा और पूरे दिन बिजली कटौती का डर भी नहीं रहेगा। अब दिन के समय सुरक्षित सिंचाई उपलब्ध हो पाती है जिससे उत्पादन भी बढ़ता है।
योजना की प्रमुख विशेषताएं
- सौर चालित कृषि पंप की सुविधा: किसान अपनी भूमि पर सौर पंप स्थापित कर सकते हैं, जिससे सिंचाई के लिए ऊर्जा की समस्या दूर होती है।
- सरकारी सब्सिडी: सामान्य श्रेणी के किसानों को पंप लागत का सिर्फ 10% और अनुसूचित जाति/जनजाति किसानों को केवल 5% भुगतान करना होता है। बाकी राशि राज्य एवं केंद्र सरकार वहन करते हैं।
- पंप क्षमता: भूमि के क्षेत्रफल के अनुसार 3HP, 5HP और 7.5HP क्षमता के पंप उपलब्ध हैं।
- पांच वर्ष की मरम्मत तथा बीमा: पांच साल तक मुफ्त मरम्मत एवं बीमा की सुविधा पंप चोरी या प्राकृतिक आपदा की स्थिति में भी लागू है।
- पर्यावरण हितैषी विकल्प: सौर ऊर्जा के प्रयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी और सतत् खेती को प्रोत्साहन मिलता है।
मागेल त्याला सौर पंप योजना का उद्देश्य
- किसानों को निर्बाध व भरोसेमंद सिंचाई सुविधा प्रदान करना।
- डीजल एवं बिजली पर निर्भरता कम करना।
- सतत कृषि एवं हरित ऊर्जा को बढ़ावा देना।
- किसान की उत्पादन लागत घटाना और मुनाफा बढ़ाना।
आवेदन के लिए पात्रता
- किसान के पास कृषि भूमि एवं लगातार जल स्रोत (कुएं, बोरवेल, तालाब, या नदी) होना अनिवार्य है।
- किसानों को पहले से बिजली आधारित पंप का कनेक्शन नहीं मिला हो।
- अनुसूचित जाति/जनजाति के लिए दोहरे लाभ का प्रावधान है।
- जिन्होंने पहले अन्य सौर कृषि पंप योजनाओं (अटल, मुख्यमंत्री, आदि) के अंतर्गत लाभ लिया है, वे पात्र नहीं हैं।
- किसानों को कृषि भूमि के अन्य हिस्सेदारों की अनापत्ति प्राप्त करनी होगी, अगर भूमि संयुक्त है।
भूमि के क्षेत्र के अनुसार पंप की कैपेसिटी
| भूमि का क्षेत्र | पंप क्षमता |
|---|---|
| 2.5 एकड़ तक | 3HP |
| 2.51 – 5 एकड़ तक | 5HP |
| 5 एकड़ से ज्यादा | 7.5HP |
किसान अपनी जरूरत के अनुसार कम क्षमता वाले पंप भी चुन सकते हैं, यदि उनकी भूमि छोटी है या जल स्रोत सीमित है।
Highlights of Magel Tyala Solar Pump Yojana
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| योजना का नाम | मागेल त्याला सौर पंप योजना 2025 |
| योजना का उद्देश्य | किसानों को सौर ऊर्जा से सिंचाई सुविधा देना, खर्च बचाना और पर्यावरण को सुरक्षा देना |
| लाभार्थी योगदान | सामान्य: कुल लागत का 10% SC/ST: कुल लागत का 5% |
| सरकारी सब्सिडी | बची हुई राशि राज्य और केंद्र सरकार द्वारा वहन |
| उपलब्ध पंप क्षमता | 3 HP (2.5 एकड़ तक), 5 HP (2.51–5 एकड़ तक), 7.5 HP (5 एकड़ से अधिक) |
| मरम्मत व बीमा | 5 वर्ष तक निःशुल्क रखरखाव व बीमा (चोरी और प्राकृतिक आपदा शामिल) |
| पात्रता | किसान के पास खुद की खेती योग्य भूमि और जल स्रोत होना अनिवार्य |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन, MahaDiscom आधिकारिक पोर्टल पर |
| एप्लीकेशन स्टेटस | ऑनलाइन ट्रैक कर सकते हैं |
| किसे लाभ नहीं मिलेगा | जिन्होंने अतल सोलर या मुख्यमंत्री सौर पंप योजना का लाभ लिया है, वे पात्र नहीं |
| पर्यावरणीय लाभ | बिजली/डीजल खर्च में कमी, कार्बन उत्सर्जन घटेगा और खेती अधिक टिकाऊ बनेगी |
| कृषि उत्पादकता | दिन में स्थिर सिंचाई, लोडशेडिंग की समस्या नहीं |
| तकनीकी सहायता | टोल फ्री हेल्पलाइन: 1800-233-3435, 1800-212-3435 |
मागेल त्याला सौर पंप योजना के लाभ
- बिजली की बचत: किसान को सिंचाई के समय बिजली कटौती की समस्या नहीं रहती है।
- डीजल की बचत: डीजल पर चलने वाले पंप की तुलना में सौर पंप पूर्णतः मुफ्त ऊर्जा प्रदान करते हैं।
- पांच साल की फ्री सर्विस और बीमा: पंप को किसी भी दुर्घटना या चोरी की स्थिति में बीमा और मरम्मत समर्थन मिलेगा।
- सरल आवेदन प्रक्रिया: ऑनलाइन पोर्टल से आवेदन, ट्रैकिंग और अपडेट की सुविधा।
- पर्यावरण संरक्षण: सौर ऊर्जा के प्रयोग से प्रदूषण कम होता है।
आवेदन प्रक्रिया (ऑनलाइन)
1. MahaDiscom Solar Portal पर जाएं:
आधिकारिक MSEDCL पोर्टल पर जाकर ‘Magel Tyala Saur Krushi Pump Yojana’ सेक्शन चुनें।
https://www.mahadiscom.in/solar_MTSKPY/index.php पर सीधे आवेदन कर सकते हैं।

2. फॉर्म A-1 भरें:
आवेदक को अपनी भूमि, जल स्रोत, संपर्क विवरण, मोबाइल नंबर, और आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होते हैं।
- भूमि का 7/12 उतारा, आधार कार्ड, जाति प्रमाणपत्र (अनुसूचित जाति/जनजाति के लिए), यदि संयुक्त भूमि तो अन्य हिस्सेदारों की अनापत्ति, एवं जल स्रोत का प्रमाण पत्र।

3. आवेदन सबमिट करने के बाद:
SMS के माध्यम से आवेदक को सिस्टम व एप्लीकेशन स्टेटस की जानकारी मिलती है। आवेदक अपना स्टेटस पोर्टल पर भी ट्रैक कर सकता है।
4. सर्वेक्षण व भुगतान:
ऑनलाइन आवेदन की जांच के बाद, क्षेत्रीय कार्यालय सर्वेक्षण करता है और तकनीकी जांच के बाद डिमांड नोट जारी करता है। किसान निर्धारित राशि (5%/10%) ऑनलाइन/ऑफलाइन जमा कर सकते हैं।
5. सिस्टम इंस्टालेशन:
ऑप्शनल एजेंसी चुनी जा सकती है। इंस्टालेशन पूरी होने के बाद, कमीशनिंग रिपोर्ट अपलोड की जाती है और किसान को अंतिम पुष्टि हेतु SMS प्राप्त होता है।
आवेदन के समय जरूरी दस्तावेज
- भूमि का 7/12 उतारा
- आधार कार्ड
- जाति प्रमाणपत्र (SC/ST)
- जल स्रोत का प्रमाणपत्र
- अन्य हिस्सेदारों की अनापत्ति (संयुक्त भूमि की स्थिति में)
- मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी (अगर है)
एप्लीकेशन की स्थिति कैसे देखें?
किसान अपनी एप्लीकेशन नंबर से MahaDiscom पोर्टल पर लॉगइन करके आवेदन की वर्तमान स्थिति देख सकते हैं।
किसान अपने आवेदन की स्थिति लाभार्थी आईडी के माध्यम से उसी पोर्टल पर ट्रैक कर सकते हैं। इसके लिए:
- आवेदन स्थिति जांच पृष्ठ (https://offgridmtsup.mahadiscom.in/AGSolarPumpMTS/PMKusumCons?uiActionName=trackA1FormStatus) पर जाएं।
- अपने लाभार्थी आईडी दर्ज करें।
- “खोजें” बटन पर क्लिक करें।
इस प्रक्रिया से आप अपने आवेदन की वर्तमान स्थिति आसानी से देख सकते हैं।

चयन और इंस्टालेशन के नियम
- सौर पैनल बिना शैड वाली जगह पर ही लगें, ताकि अधिकतम सौर ऊर्जा प्राप्त हो सके।
- पैनल का रखरखाव और सफाई आसान हो।
- इंस्टालेशन के बाद पंप की पुनः जगह बदलना या बेचना प्रतिबंधित है। नियम उल्लंघन पर कार्रवाई होगी।
योजना से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण बातें
- जो किसान पिछले किसी सोलर पंप योजना में लाभ ले चुके हैं, वे इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
- चयनित किसानों को सौर पंप इंस्टालेशन के बाद पांच वर्षों तक मुफ्त मरम्मत तथा बीमा मिलेगा।
- प्राकृतिक आपदा, चोरी या अन्य दुर्घटना की स्थिति में बीमा का लाभ जल्दी प्राप्त किया जा सकेगा।
सहायता और संपर्क
- आवेदन या किसी भी समस्या के लिए MSEDCL के टोल-फ्री नंबर 1800-233-3435 या 1800-212-3435 पर संपर्क कर सकते हैं।
- तालुका स्तर के एमएसईडीसीएल कार्यालयों से भी राह और तकनीकी सहायता प्राप्त की जा सकती है।
योजना क्यों है ख़ास?
- मंडल की कृषि भूमि को सिंचाई में आत्मनिर्भर बनाना।
- ग्रीन एनर्जी के माध्यम से पर्यावरण हितैषी बदलाव।
- किसानों के सालाना खर्च में महत्वपूर्ण बचत और उनका आत्मविश्वास बढ़ाना।
- राज्य को सौर पंप इंस्टालेशन में देश में अग्रणी स्थान दिलाना।
पर्यावरण और आर्थिक दृष्टि से लाभ
- किसानों को बिजली की दर बढ़ने या डीजल की कीमत बढ़ने का डर नहीं।
- सिंचाई की समस्या का स्थायी हल।
- राज्य में ज्यादा क्षेत्र सिंचाई के तहत लाने का लक्ष्य।
- किसानों की आत्मनिर्भरता और जोखिम में कमी।
निष्कर्ष
मागेल त्याला सौर पंप योजना 2025 महाराष्ट्र के लाखों किसानों के लिए एक क्रांतिकारी कदम है, जो उनकी पैदावार बढ़ाने, सिंचाई की लागत घटाने, तथा पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन की गई है। सही पात्रता होने पर किसान आसानी से ऑनलाइन आवेदन कर महादिस्कॉम पोर्टल के माध्यम से योजना का लाभ उठा सकते हैं। पंप की शक्ति, सब्सिडी का प्रतिशत और ऑनलाइन पारदर्शिता—योजना को विश्वसनीय व टिकाऊ बनाती है।
